A Non-Profit Non-Commercial Public Service Initiative by Alka Vibhas   
ललना कुसुम कोमला

ललना कुसुम कोमला । होई अकारण हृदयी व्याकुळ
साहिल का कधि ऐशा कृतिला ॥

जन्मजन्मांतरी धरुनि जी आस अंतरी ।
जीवन कटु हें मधुर मानिती । मातृहृदया ना तुला ॥